बेंगलुरु। कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से एक ऐसी दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया है। चिक्काबनावरा इलाके में एक ही परिवार के पिता और उसके मासूम बेटे की बेरहमी से हत्या कर दी गई, और इस साजिश के पीछे कोई बाहरी नहीं बल्कि घर की ही एक सदस्य निकली। घर में मिले पिता-पुत्र के शव मामला उस वक्त सामने आया जब 38 वर्षीय अभिनंदन और उनके 4 वर्षीय बेटे यदुवीर गौड़ा के शव उनके ही घर में मिले। घर के कॉरिडोर में खून के लाल धब्बे नजर आए, और सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि घर में लगा CCTV कैमरा उस वक्त काम ही नहीं कर रहा था। जैसे ही कर्नाटक पुलिस ने इस मामले की जांच शुरू की, कदम-कदम पर हैरान करने वाले खुलासे होते चले गए। पत्नी निकली मास्टरमाइंड, प्रेमी ने दिया साथ पुलिस जांच में यह साफ हुआ कि इस दोहरे हत्याकांड के पीछे मृतक अभिनंदन की पत्नी हरिनी का ही हाथ था। पुलिस के मुताबिक हरिनी ने अपने प्रेमी विनय की मदद से पहले अपने पति अभिनंदन की हत्या की। इसके बाद सबसे भयावह मोड़ यह आया कि वारदात के वक्त उनका खुद का बेटा यदुवीर इस पूरी घटना का गवाह बन गया। पुलिस के अनुसार हरिनी को डर था कि बच्चा किसी को इस राज़ के बारे में बता सकता है, इसी आशंका के चलते उसने अपने ही मासूम बेटे का गला दबाकर उसकी भी हत्या कर दी, ताकि वारदात की भनक किसी को न लगे। करोड़पति पति, गरीब प्रेमी इस मामले में एक और दिलचस्प और चौंकाने वाला पहलू सामने आया है। पुलिस के मुताबिक हरिनी का पति अभिनंदन करोड़पति था, जबकि उसका प्रेमी विनय आर्थिक रूप से बेहद साधारण स्थिति का था। बताया जा रहा है कि हरिनी अपने प्रेमी को पति से छिपाकर आर्थिक मदद भी करती थी। परिवार को पहले से था शक घटना की परतें खुलने के बाद परिवार की एक सदस्य जयम्मा ने पुलिस को अहम जानकारी दी। उनके मुताबिक उन्हें लंबे समय से हरिनी पर शक था, क्योंकि उन्होंने कई बार गौर किया था कि हरिनी के पास बार-बार किसी के फोन आते थे। इतना ही नहीं, घटना से करीब तीन महीने पहले हरिनी अपना घर भी छोड़कर चली गई थी, और जाते वक्त उसने एक पत्र भी लिखा था। हालांकि परिवार ने इस पूरे मामले को उस वक्त गुप्त रखा था, ताकि दंपति आपस में मिल-बैठकर अपने मतभेद सुलझा सकें और उनके रिश्ते में कोई विवाद न रहे। CCTV बंद कर रची गई पूरी साजिश पुलिस के मुताबिक हरिनी ने वारदात को अंजाम देने से पहले ही घर के CCTV कैमरे जानबूझकर बंद कर दिए थे। इसके बाद उसने रात करीब 11 बजे अपने प्रेमी विनय को घटनास्थल पर बुलाया। वारदात को अंजाम देने के बाद विनय मौके से फरार हो गया, जिसके बाद पुलिस ने तलाशी अभियान शुरू करते हुए सोमवार को हरिनी को गिरफ्तार कर लिया। विनय अभी भी पुलिस की पकड़ से दूर है और उसकी तलाश जारी है। खून के धब्बों से खुला राज जांच के दौरान पुलिस को कपड़ों पर खून के धब्बे मिले, जिसके बाद ही यह पूरी वारदात प्रकाश में आई। पुलिस को शक है कि हरिनी और विनय ने बच्चे के शव के ऊपर अभिनंदन का शव रखने की कोशिश की, ताकि यह दिखाया जा सके कि पिता ने पहले खुद बेटे की हत्या की और फिर अपनी जान दी। इसके बाद हरिनी ने खून लगे कपड़ों को धोकर सुखाने के लिए बाहर डाल दिया, जिससे शक और गहरा हो गया। छह घंटे की पूछताछ में हुआ कबूलनामा पुलिस उपायुक्त एन नागेश के मुताबिक हरिनी से करीब छह घंटे तक लगातार पूछताछ की गई, जिसके बाद उसने अपने पति और बेटे की हत्या की बात कबूल कर ली। जांच में सामने आया कि दंपति के बीच वैवाहिक रिश्ते ठीक नहीं चल रहे थे और दोनों के बीच अक्सर विवाद व झगड़े होते रहते थे। कुछ समय के लिए हरिनी घर भी छोड़कर चली गई थी, लेकिन बाद में दोनों साथ रहने लगे थे। जांच में यह भी पुष्टि हुई कि हरिनी का प्रेमी विनय के साथ रिश्ता चल रहा था। संपत्ति के लालच में रची गई साजिश पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि अभिनंदन अपने माता-पिता की इकलौती संतान था और उसके नाम पर करोड़ों रुपये की संपत्ति थी, जिसमें चिक्काबनावरा स्थित एक तीन मंजिला मकान भी शामिल है। पुलिस का मानना है कि आरोपियों ने पहले यह सोचा कि अगर अभिनंदन की हत्या कर दी जाए, तो उसकी पूरी संपत्ति उनके हाथ लग सकती है, और इसी लालच में हत्या की पूरी साजिश रची गई।